पिथौरागढ़: राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह का सीमांत दौरा; स्थानीय उत्पादों की सराहना कर दिया ‘डिजिटल मार्केटिंग’ का मंत्र
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पिथौरागढ़: राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह का सीमांत दौरा; स्थानीय उत्पादों की सराहना कर दिया ‘डिजिटल मार्केटिंग’ का मंत्र
पिथौरागढ़/देहरादून | न्यूज़ डेस्क दिनांक: 27 मार्च, 2026
पिथौरागढ़। उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से.नि.) आज एक दिवसीय दौरे पर सीमांत जनपद पिथौरागढ़ पहुंचे। जनपद आगमन पर नैनी-सैनी हवाई अड्डे पर उनका भव्य स्वागत किया गया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य जनपद में चल रही विकास योजनाओं की समीक्षा करना, स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देना और जनसंवाद के माध्यम से शासन की योजनाओं की जमीनी हकीकत जानना रहा।
जैसे ही राज्यपाल का विमान नैनी-सैनी हवाई अड्डे पर उतरा, जिलाधिकारी श्री आशीष कुमार भटगांई ने उन्हें पुष्पगुच्छ भेंट कर देवभूमि की इस पवित्र धरा पर स्वागत किया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक श्री अक्षय कोंडे, अपर जिलाधिकारी श्री योगेंद्र सिंह और उपजिलाधिकारी श्री जीतेन्द्र वर्मा सहित प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। इसके पश्चात पुलिस विभाग की टुकड़ी द्वारा माननीय राज्यपाल को ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ प्रदान कर सम्मानित किया गया।
राज्यपाल ने हवाई अड्डा परिसर में ग्राम्य विकास विभाग, पर्यटन विभाग, जिला उद्योग केंद्र और विशेष रूप से “हाउस ऑफ हिमालयाज” द्वारा लगाए गए विभिन्न स्टालों का सूक्ष्मता से अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान राज्यपाल ने स्थानीय स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार किए गए उत्पादों की उच्च स्तरीय पैकेजिंग की सराहना की। समूहों से जुड़ी महिलाओं की आय में हो रही वृद्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भर उत्तराखंड की नींव हमारी मातृशक्ति ही रख रही है। राज्यपाल ने विशेष सुझाव दिया कि स्थानीय उत्पादों को वैश्विक बाजार तक पहुँचाने के लिए डिजिटल माध्यमों (ई-कॉमर्स) का अधिक से अधिक उपयोग किया जाना चाहिए ताकि दूरस्थ क्षेत्रों के हुनर को दुनिया पहचान सके।
अपने दौरे के दौरान राज्यपाल का एक संवेदनशील रूप भी देखने को मिला। उन्होंने वहां उपस्थित बच्चों के साथ आत्मीय संवाद किया। राज्यपाल ने बच्चों से उनकी भविष्य की आकांक्षाओं के बारे में पूछा और उन्हें जीवन में बड़े लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बच्चों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि परिश्रम और लगन ही सफलता की एकमात्र कुंजी है और युवाओं को राष्ट्र निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए।
स्टालों के निरीक्षण के बाद राज्यपाल ने जनपद में संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम छोर पर बैठे पात्र व्यक्ति तक समयबद्ध तरीके से पहुँचना चाहिए। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए पारदर्शिता सबसे अनिवार्य शर्त है और स्वरोजगार की गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाया जाए ताकि युवाओं का पलायन रुक सके।
राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने अपने संबोधन के अंत में कहा कि सीमांत जनपदों का विकास राज्य की सुरक्षा और समृद्धि के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने पिथौरागढ़ के प्रशासनिक प्रयासों की सराहना की और अधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु निरंतर ऊर्जा के साथ कार्य करने के लिए प्रोत्साहित किया।
