देहरादून में भीषण सड़क हादसा: कालसी में 30 यात्रियों से भरी हिमाचल रोडवेज की बस खाई में गिरी, चालक समेत 4 की मौत, रेस्क्यू जारी
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देहरादून में भीषण सड़क हादसा: कालसी में 30 यात्रियों से भरी हिमाचल रोडवेज की बस खाई में गिरी, चालक समेत 4 की मौत, रेस्क्यू जारी
देहरादून, 03 फरवरी 2026:
देवभूमि उत्तराखंड के पहाड़ी रास्तों पर एक बार फिर रफ्तार का कहर देखने को मिला है। देहरादून जनपद के कालसी थाना क्षेत्र अंतर्गत कुआनु-मीनाक रोड पर मंगलवार की सुबह एक भीषण बस दुर्घटना हो गई। सवारियों से खचाखच भरी हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम (HRTC) की एक बस अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा समाई। इस दर्दनाक हादसे में अब तक चार लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई अन्य घायल बताए जा रहे हैं।
कैसे हुआ हादसा और रेस्क्यू का मंजर
जानकारी के अनुसार, बस हिमाचल से आ रही थी और जैसे ही वह कालसी के दुर्गम मीनाक रोड पर पहुँची, अचानक चालक का नियंत्रण वाहन से हट गया। बस सड़क से नीचे कई फीट गहरी खाई में जा गिरी। हादसे के तुरंत बाद स्थानीय ग्रामीणों में हड़कंप मच गया और उन्होंने तत्काल इसकी सूचना पुलिस प्रशासन को दी। देहरादून स्थित मुख्य नियंत्रण कक्ष (CCR) ने सूचना मिलते ही SDRF सेनानायक श्री अर्पण यदुवंशी के नेतृत्व में टीमों को रवाना किया। डाकपत्थर, चकराता, मोरी और त्यूणी पोस्ट से SDRF के विशेषज्ञ जवान अत्याधुनिक उपकरणों के साथ घटनास्थल पर पहुँचे और खाई में उतरकर बचाव कार्य शुरू किया।
मृतकों की पहचान और परिजनों में मातम
SDRF और पुलिस की संयुक्त टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद बस के मलबे से चार शवों को बाहर निकाला है। मृतकों की शिनाख्त कर ली गई है, जो सभी हिमाचल प्रदेश के निवासी थे:
- यास्मीन बेगम (46 वर्ष), ग्राम क्यारला, नेरवा।
- रिचा (30 वर्ष), ग्राम विज़मल, नेरवा।
- धन बहादुर, ग्राम क्यारला, नेरवा।
- दिनेश कुमार (54 वर्ष), निवासी चोपाल, शिमला (बस चालक)।
हादसे में बस चालक की भी मृत्यु हो गई है, जिससे परिजनों में कोहराम मच गया है। अन्य घायल यात्रियों को स्थानीय लोगों और रेस्क्यू टीम की मदद से खाई से निकालकर एम्बुलेंस के जरिए नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
प्रशासनिक मुस्तैदी और आगामी जांच
घटना की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग हाई अलर्ट पर है। चकराता और कालसी के अस्पतालों को घायलों के बेहतर उपचार के निर्देश दिए गए हैं। प्राथमिक जांच में सड़क की स्थिति और मोड़ पर नियंत्रण खोना दुर्घटना का कारण माना जा रहा है। मुख्यमंत्री कार्यालय भी लगातार इस रेस्क्यू ऑपरेशन की मॉनिटरिंग कर रहा है।
पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रहे ये हादसे चिंता का विषय हैं। गहरी खाई और संकरे रास्तों पर परिवहन व्यवस्था की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। फिलहाल, SDRF का सर्च ऑपरेशन जारी है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि मलबे में कोई और यात्री न फंसा हो।
