नारी शक्ति वंदन अधिनियम: महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक क्रांति, गाज़ीपुर में उमड़ा महिलाओं का सैलाब
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नारी शक्ति वंदन अधिनियम: महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक क्रांति, गाज़ीपुर में उमड़ा महिलाओं का सैलाब
अकील अहमद बहादुरगंज, गाज़ीपुर: जहूराबाद विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत नगर पंचायत बहादुरगंज के ‘संगत कुटी’ परिसर में आयोजित नारी शक्ति वंदन विधानसभा स्तरीय अभिनंदन सम्मेलन एक ऐतिहासिक आयोजन बन गया। इस कार्यक्रम में क्षेत्र की हजारों महिलाओं ने शिरकत कर केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लाए गए ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ के प्रति अपनी कृतज्ञता और अटूट समर्थन व्यक्त किया। सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को विधायी निकायों में मिलने वाले आरक्षण और उनके नेतृत्व की बढ़ती भूमिका पर चर्चा करना था।
नेतृत्व और सशक्तिकरण की नई मिसाल
कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष शांति वर्मा ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में भाजपा जिला मंत्री श्रीमती किरण सिंह उपस्थित रहीं। दीप प्रज्वलन के साथ शुरू हुए इस सम्मेलन में महिलाओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि यह अधिनियम केवल एक कानून नहीं, बल्कि देश की आधी आबादी को उनका हक दिलाने का एक संकल्प है।
प्रमुख संबोधन: अंतरिक्ष से सीमा तक नारी की धमक
मुख्य अतिथि किरण सिंह ने अपने प्रेरणादायक संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने महिला सशक्तिकरण की नई परिभाषा लिखी है। उन्होंने कहा:“नारी शक्ति वंदन अधिनियम के माध्यम से अब महिलाओं के लिए सदन के दरवाजे खुल गए हैं। आने वाले समय में अधिक संख्या में हमारी बहनें विधायक और सांसद बनकर देश की नीतियों का निर्धारण करेंगी। आज की नारी साबित कर चुकी है कि वह केवल घर नहीं, बल्कि देश चलाने में भी सक्षम है।”उन्होंने कल्पना चावला, व्योमिका सिंह और कर्नल सोफिया कुरैशी का उदाहरण देते हुए कहा कि आज भारत की बेटियां अंतरिक्ष की गहराइयों से लेकर युद्ध के मैदान में दुश्मनों के दांत खट्टे करने तक हर मोर्चे पर तैनात हैं।
बाबा साहब के सपनों का भारत
विशिष्ट अतिथि और महिला जिला मंत्री कंचन गिरी ने संविधान निर्माता डॉ. बी.आर. अंबेडकर को याद करते हुए कहा कि बाबा साहब का सपना था कि महिलाओं को समाज में बराबरी का हक और सम्मान मिले। आज मोदी सरकार की नीतियों और 33% आरक्षण के प्रावधान ने उस सपने को हकीकत में बदल दिया है। उन्होंने देश भर की महिलाओं से इस ऐतिहासिक पहल के लिए सरकार के साथ मजबूती से खड़े होने का आह्वान किया।
नगर की महिलाओं का संकल्प
सम्मेलन के दौरान बहादुरगंज की महिलाओं ने एक अभियान चलाकर इस अधिनियम का समर्थन किया। कार्यक्रम में मौजूद महिलाओं ने साझा किया कि उज्ज्वला योजना, जन-धन खाते और मुद्रा लोन जैसी योजनाओं ने पहले ही उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त किया है, और अब राजनीतिक आरक्षण उन्हें समाज की मुख्यधारा में नेतृत्व का अवसर देगा।
प्रमुख उपस्थिति
कार्यक्रम के सफल आयोजन में जिला मंत्री और कार्यक्रम संयोजक शिव कुमार गुप्ता की महत्वपूर्ण भूमिका रही। इस अवसर पर सभासद सोनी प्रजापति, जहीरुन्निशा, सोनी वर्मा, रामायण गुप्ता, हरिशंकर राय, अरविंद प्रजापति, श्याम बिहारी वर्मा, सत्य प्रकाश बरनवाल और दिनेश राय सहित क्षेत्र के तमाम गणमान्य नागरिक और भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
राष्ट्र निर्माण का संकल्प
सम्मेलन का समापन राष्ट्रगान और एक सामूहिक संकल्प के साथ हुआ। उपस्थित सभी महिलाओं ने यह प्रण लिया कि वे न केवल समाज के विकास में योगदान देंगी, बल्कि राष्ट्र निर्माण की प्रक्रिया में अपनी भागीदारी को और अधिक प्रभावी बनाएंगी। बहादुरगंज का यह सम्मेलन इस बात का प्रतीक बना कि ग्रामीण अंचलों की महिलाएं अब अपने अधिकारों के प्रति जागरूक हैं और देश की दिशा बदलने के लिए तैयार हैं।
