Kumbh Mela 2027: हरिद्वार में ‘दिव्य-भव्य कुंभ’ की तैयारी तेज, CM धामी ने दिए समयबद्ध कार्य पूरे करने के निर्देश
1 min read


Kumbh Mela 2027: हरिद्वार में ‘दिव्य-भव्य कुंभ’ की तैयारी तेज, CM धामी ने दिए समयबद्ध कार्य पूरे करने के निर्देश
हरिद्वार, 16 मार्च 2026: देवभूमि उत्तराखंड एक बार फिर विश्व के सबसे बड़े धार्मिक समागम ‘कुंभ मेला 2027’ की मेजबानी के लिए तैयार हो रही है। सोमवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार का दौरा कर तैयारियों की जमीनी हकीकत परखी। डामकोठी में आयोजित एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस बार का कुंभ न केवल दिव्य और भव्य होगा, बल्कि बुनियादी सुविधाओं और तकनीक के मामले में भी विश्व स्तरीय होगा।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को दो टूक निर्देश दिए कि आयोजन में किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी वित्तीय स्वीकृतियां शासन स्तर से तुरंत जारी की जाएंगी।
‘धनराशि की नहीं होगी कमी, गुणवत्ता से समझौता नहीं’
मुख्यमंत्री धामी ने बैठक के दौरान ही मुख्य सचिव से दूरभाष पर वार्ता की और कुंभ से संबंधित फाइलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा:
”कुंभ एक विराट आयोजन है, जिसमें करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था जुड़ी है। इसके लिए बजट की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और समयबद्धता का पूरा ध्यान रखा जाए।”
प्रमुख बुनियादी ढांचा परियोजनाएं
बैठक में सड़क, पुल और पेयजल जैसी स्थायी परियोजनाओं पर विशेष चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने निम्नलिखित कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए:
- पुल निर्माण: खड़खड़ी पुल और श्रीयंत्र पुल से संबंधित योजनाओं को जल्द धरातल पर उतारने के निर्देश।
- सीसीआर-2 भवन: मेला नियंत्रण के सुचारु प्रबंधन के लिए प्रस्तावित नए भवन को जल्द वित्तीय स्वीकृति मिलेगी।
- आधुनिक डामकोठी: हरिद्वार स्थित डामकोठी अतिथि गृह का विस्तार कर वहां एक आधुनिक एवं आकर्षक नया अतिथि गृह बनाया जाएगा।
सुरक्षा के लिए ‘इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर’
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को लेकर मुख्यमंत्री ने आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल पर जोर दिया। उन्होंने इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर (ICCC) की स्थापना को सर्वोच्च प्राथमिकता देने को कहा। यह सेंटर कुंभ क्षेत्र की हर गतिविधि पर नजर रखेगा और आपातकालीन स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करेगा।
साथ ही, ऋषिकेश, मुनीकीरेती और हरिद्वार के सभी सेक्टरों में स्वच्छता, सीवरेज प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए।
मेलाधिकारी ने दी 33 निर्माणाधीन योजनाओं की जानकारी
समीक्षा बैठक में मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका ने बताया कि कुंभ मेला 2027 के लिए वर्तमान में 33 स्थायी प्रकृति की योजनाएं निर्माणाधीन हैं। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:
- प्रमुख घाटों का सौंदर्यीकरण और विस्तार।
- मनसा देवी और चंडी देवी मंदिर मार्गों का सुधार।
- पेयजल आपूर्ति और अस्थाई चिकित्सालयों का खाका।
- चारधाम यात्रा और कांवड़ यात्रा को ध्यान में रखते हुए यातायात सुदृढ़ीकरण।
जनप्रतिनिधियों और संतों का सहयोग
मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ का सफल आयोजन बिना साधु-संतों, धार्मिक संगठनों और स्थानीय जनता के सहयोग के संभव नहीं है। बैठक में विधायक मदन कौशिक, आदेश चौहान, प्रदीप बत्रा और पूर्व मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद सहित कई जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे, जिन्होंने क्षेत्र की समस्याओं और सुझावों को मुख्यमंत्री के समक्ष रखा।
