अराईंयावाला में श्री झण्डे जी के आरोहण के साथ गूंजे गुरु महाराज के जयकारे, दून में 8 मार्च को होगा मुख्य भव्य आयोजन
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अराईंयावाला में श्री झण्डे जी के आरोहण के साथ गूंजे गुरु महाराज के जयकारे, दून में 8 मार्च को होगा मुख्य भव्य आयोजन
देहरादून/अराईंयावाला (हरियाणा): राजधानी देहरादून के ऐतिहासिक और प्रसिद्ध ‘श्री झण्डा जी मेले’ की तैयारियां अपने पूरे शबाब पर हैं। आस्था और परंपरा के इसी क्रम में शुक्रवार को हरियाणा के अराईंयावाला में श्रद्धा और उल्लास के बीच श्री झण्डे जी का विधिवत आरोहण किया गया। इस दौरान पूरा वातावरण गुरु महाराज के जयकारों से गुंजायमान रहा।
श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने दिए निर्देश
दरबार श्री गुरु राम राय जी महाराज के सज्जादे गद्दीनशीन श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज ने मेले की व्यवस्थाओं को लेकर मेला संचालन कमेटी के साथ बैठक की और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने स्पष्ट किया कि गुरु परंपरा की मर्यादा और श्रद्धालुओं की सुविधा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
अराईंयावाला में 60 फीट ऊंचे श्री झण्डे जी का आरोहण
शुक्रवार को देहरादून दरबार साहिब से 100 सदस्यीय जत्था सुबह 9 बजे अराईंयावाला के लिए रवाना हुआ। दोपहर 12:10 बजे जत्थे के पहुंचने पर भक्तिमय माहौल में पुराने श्री झण्डे जी को उतारा गया।
- पवित्र स्नान: श्री झण्डे जी को दूध, दही, घी, मक्खन, गंगाजल और पंचगव्य से स्नान कराया गया।
- आरोहण: हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति में 60 फीट ऊंचे नए श्री झण्डे जी का भव्य आरोहण किया गया।
- प्रसाद: कार्यक्रम के पश्चात विशाल लंगर का आयोजन हुआ, जिसमें भारी संख्या में संगत ने प्रसाद ग्रहण किया।
पैदल संगत का दून आगमन और स्वागत की तैयारी
परंपरा के अनुसार, 25 फरवरी को बड़ागांव (हरियाणा) से शुरू हुई पैदल संगत अब उत्तराखंड की ओर बढ़ रही है।
- 28 फरवरी: सहसपुर स्थित श्री गुरु राम राय पब्लिक स्कूल में संगत का भव्य स्वागत होगा।
- 01 मार्च: संगत देहरादून की सीमा में प्रवेश करेगी। कांवली गांव और दर्शनी गेट पर पुष्पवर्षा, बैंड-बाजों और जयकारों के साथ श्रद्धालुओं का अभिनंदन किया जाएगा। इसके बाद संगत श्रीमहंत देवेन्द्र दास जी महाराज से आशीर्वाद प्राप्त कर दरबार साहिब में प्रवेश करेगी।
8 मार्च को होगा मुख्य मेला
मेला अधिकारी विजय गुलाटी ने बताया कि दरबार साहिब परिसर को रंग-बिरंगी रोशनी और फूलों से सजाया जा रहा है। श्रद्धालुओं के लिए पेयजल, चिकित्सा और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
- 7 मार्च: परंपरा अनुसार ‘पूरब की संगत’ की विदाई होगी।
- 8 मार्च: देहरादून स्थित दरबार साहिब परिसर में मुख्य श्री झण्डे जी का आरोहण होगा, जिसके साथ ही मेले का विधिवत शुभारंभ हो जाएगा।
