Kashi Vishwanath Mandir: सुगम दर्शन के नाम पर ‘Khaki’ दागदार! सिपाही की अवैध वसूली का Video Viral
1 min read


Kashi Vishwanath Mandir: सुगम दर्शन के नाम पर ‘Khaki’ दागदार! सिपाही की अवैध वसूली का Video Viral
वाराणसी: धर्म की नगरी काशी में भगवान शिव के दर्शन की चाहत रखने वाले श्रद्धालुओं की आस्था के साथ खिलवाड़ का एक बड़ा मामला सामने आया है। विश्व प्रसिद्ध काशी विश्वनाथ मंदिर (Kashi Vishwanath Temple) के पास ‘सुगम दर्शन’ के नाम पर अवैध वसूली का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से Viral हो रहा है। इस वीडियो ने वाराणसी पुलिस की साख पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि इसमें खाकी वर्दी में तैनात एक सिपाही खुलेआम दलालों से उगाही करता नजर आ रहा है।
सुगम दर्शन काउंटर के पास वसूली का खेल
दावा किया जा रहा है कि यह वीडियो काशी विश्वनाथ मंदिर के सुगम दर्शन टिकट कार्यालय के बिल्कुल पास का है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि पुलिस की वर्दी में एक सिपाही खड़ा है और उसके पास कुछ संदिग्ध लोग (दलाल) मौजूद हैं। वाराणसी पुलिस प्रशासन जहां एक ओर दर्शनार्थियों की सुविधा के लिए दलालों पर नकेल कसने का दावा करता है, वहीं इस वीडियो ने उन दावों की हवा निकाल दी है।
कैमरे में कैद हुई सिपाही और दलाल की ‘डील’
घटनाक्रम को वहीं मौजूद एक युवक ने अपने मोबाइल कैमरे में कैद कर लिया। वीडियो की फुटेज में जो दिख रहा है, वह हैरान करने वाला है:असंतुष्ट सिपाही: पहले एक दलाल एक अज्ञात शख्स को कुछ पैसे देता है, लेकिन पास खड़ा सिपाही उन पैसों को देखकर संतुष्ट नहीं होता। उसके चेहरे के हाव-भाव बता रहे थे कि ‘हिस्सा’ कम है।जेब में डाली नकदी: इसके बाद सिपाही और उस शख्स के बीच कुछ गुफ्तगू होती है। सिपाही के इशारे पर दलाल फिर से कुछ पैसे निकालता है और उस शख्स की जेब में डाल देता है।फैंटम बाइक पर ‘VVIP’ सर्विस: जैसे ही डील फाइनल होती है और पैसा जेब में पहुंच जाता है, सिपाही उस व्यक्ति को अपनी सरकारी फैंटम बाइक पर बैठाता है और शान से आगे के लिए रवाना हो जाता है।
दर्शनार्थियों की जेब पर डाका
वीडियो बनाने वाले युवक का दावा है कि यह कोई इकलौती घटना नहीं है। यह सिपाही नियमित रूप से मंदिर के आसपास सक्रिय उन गिरोहों के साथ मिला हुआ है जो बाहर से आने वाले भोले-भाले दर्शनार्थियों को ‘जल्दी दर्शन’ या ‘सुगम दर्शन’ का झांसा देकर मोटी रकम वसूलते हैं। पुलिस का काम इन दलालों को रोकना है, लेकिन यहाँ पुलिसकर्मी खुद इस अवैध धंधे का संरक्षक बना बैठा है।
वाराणसी पुलिस की साख पर बट्टा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र में स्थित काशी विश्वनाथ धाम में सुरक्षा और व्यवस्था के लिए तैनात पुलिसकर्मियों से उच्च नैतिकता की उम्मीद की जाती है। हालांकि, इस Viral Video ने ‘मित्र पुलिस’ की छवि को गहरा नुकसान पहुँचाया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सुगम दर्शन के नाम पर 300 रुपये की आधिकारिक रसीद के बजाय दलाल 1000 से 2000 रुपये तक वसूलते हैं और इस काली कमाई का एक बड़ा हिस्सा ड्यूटी पर तैनात कुछ भ्रष्ट कर्मियों तक पहुँचता है।
कार्रवाई के बीच भ्रष्टाचार की चुनौती
हाल के दिनों में वाराणसी पुलिस ने मंदिर परिसर के आसपास अवैध वसूली करने वाले कई गिरोहों पर कार्रवाई की है और कई दलालों को जेल भेजा है। लेकिन जब बाड़ ही खेत को खाने लगे, तो सुरक्षा के मायने बदल जाते हैं।
मुख्य बिंदु जो जांच का विषय हैं:क्या सिपाही के साथ मौजूद वह शख्स उसका ‘कलेक्टर’ (पैसा वसूलने वाला) था?फैंटम बाइक जैसी सरकारी संपत्ति का उपयोग अवैध वसूली के लिए कैसे हो रहा है?क्या इस सिंडिकेट में कुछ बड़े अधिकारी भी शामिल हैं?
फिलहाल यह वीडियो वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के संज्ञान में है। उम्मीद की जा रही है कि वीडियो में दिख रहे सिपाही की पहचान कर उसके खिलाफ Suspension और विभागीय जांच जैसी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। काशी आने वाले श्रद्धालुओं की आस्था और सुरक्षा से समझौता करने वाले ऐसे तत्व पूरी व्यवस्था को बदनाम करते हैं।
