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मानवता की सेवा में नर्सिंग अधिकारियों की अनूठी पहल: कोरोनेशन चिकित्सालय में 52 यूनिट रक्तदान

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मानवता की सेवा में नर्सिंग अधिकारियों की अनूठी पहल: कोरोनेशन चिकित्सालय में 52 यूनिट रक्तदान

देहरादून, 9 मई 2026:

राजधानी देहरादून के प्रतिष्ठित कोरोनेशन चिकित्सालय में शनिवार को मानवता और सेवा का एक अनुपम दृश्य देखने को मिला। ‘राष्ट्रीय नर्सिंग सप्ताह’ के पावन अवसर पर उत्तराखंड नर्सेज़ सर्विसेज एसोसिएशन द्वारा एक स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का भव्य आयोजन किया गया। इस शिविर में अस्पताल के नर्सिंग अधिकारियों ने अपनी ड्यूटी के साथ-साथ सामाजिक सरोकारों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए उत्साहपूर्वक रक्तदान किया। शिविर के दौरान कुल 52 यूनिट रक्त एकत्र किया गया, जो आपातकालीन स्थिति में मरीजों के लिए जीवनदान साबित होगा।

शिविर का शुभारंभ और मुख्य अतिथियों के विचार

​रक्तदान शिविर का विधिवत उद्घाटन संयुक्त निदेशक डॉक्टर नरेश नपच्याल एवं प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मन्नू जैन द्वारा किया गया। इस अवसर पर डॉ. नपच्याल ने कहा कि नर्सिंग स्टाफ चिकित्सा जगत की रीढ़ है। उन्होंने रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि एक यूनिट रक्त तीन लोगों का जीवन बचा सकता है।

​प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मन्नू जैन ने एसोसिएशन के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा:​”कोरोनेशन चिकित्सालय में अक्सर रक्त की आवश्यकता बनी रहती है। ऐसे समय में नर्सिंग अधिकारियों द्वारा किया गया यह स्वैच्छिक योगदान चिकित्सालय के ब्लड बैंक को सुदृढ़ करने में एक मील का पत्थर साबित होगा।”

 

नर्सिंग सप्ताह और फ्लोरेंस नाइटिंगेल को समर्पण

​ज्ञात हो कि प्रतिवर्ष 6 मई से 12 मई तक राष्ट्रीय नर्सिंग सप्ताह मनाया जाता है। इसका समापन 12 मई को ‘आधुनिक नर्सिंग की जननी’ फ्लोरेंस नाइटिंगेल के जन्मदिवस यानी ‘अंतर्राष्ट्रीय नर्सेज दिवस’ के रूप में होता है।

​एसोसिएशन की प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती भारती जुयाल ने कार्यक्रम के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि रक्तदान से बड़ा कोई दान नहीं है। उन्होंने कहा, “नर्सिंग अधिकारी अस्पताल के वार्डों में मरीजों की सेवा तो करते ही हैं, लेकिन आज उन्होंने अपने रक्त का दान देकर यह सिद्ध कर दिया है कि उनका सेवा-भाव केवल अस्पताल की सीमाओं तक सीमित नहीं है। यह शिविर पूरी तरह से फ्लोरेंस नाइटिंगेल के सेवा और त्याग के आदर्शों को समर्पित है।”

उत्साहजनक सहभागिता

​शिविर में सुबह से ही नर्सिंग अधिकारियों की लंबी कतारें देखी गईं। रक्तदान करने वालों में वरिष्ठ अधिकारियों से लेकर युवा कर्मचारी तक शामिल रहे। रक्त संग्रहण का कार्य ब्लड बैंक की विशेषज्ञ टीम द्वारा पूरी सावधानी और मानकों के साथ संपन्न किया गया।

रक्तदान करने वाले प्रमुख सदस्य:

इस पुनीत कार्य में सहायक नर्सिंग अधीक्षिका श्रीमती इंदु शर्मा, ज्योति खन्ना, शीला, निर्मला पंत, कुसुम सुंदरियाल, कुसुम रावत, मीना बड़वाल, भारती जुयाल, रश्मि चौहान, ओम प्रकाश, रेनू सेठिया, संजू, त्रिभुवन सिंह चौहान, पुरुषोत्तम त्यागी, नितिन वर्मा, मनोज सकलानी, देवराज सिंह गोसाई, अंकित चौहान, मीनाक्षी शर्मा, गुड्डी खाती, परवीन खान, बरखा गुप्ता, विशाल गुप्ता और अर्चना रावत सहित कुल 52 नर्सिंग अधिकारियों ने रक्तदान किया।

​आज का यह कार्यक्रम न केवल नर्सिंग समुदाय की एकजुटता को दर्शाता है, बल्कि समाज को यह संदेश भी देता है कि स्वास्थ्य रक्षक खुद आगे बढ़कर समाज की भलाई के लिए तत्पर हैं। शिविर के अंत में सभी रक्तदाताओं को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। एसोसिएशन ने भविष्य में भी इस प्रकार के सामाजिक और मानवीय कार्यों को जारी रखने का संकल्प लिया।

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